28 Oct 2026 | नई दिल्ली
Samadhan News

फॉलो करें:

राज्य

घरेलू विवाद ने लिया हिंसक रूप, महिला की सुरक्षा पर उठे सवाल

Samadhaan Admin • 27 अक्टूबर 2026
1 बार देखा गया
घरेलू विवाद ने लिया हिंसक रूप, महिला की सुरक्षा पर उठे सवाल

सूरजपुर में पत्नी से मारपीट का मामला, निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की जरूरत

सूरजपुर। चरित्र पर संदेह के चलते पत्नी के साथ कथित हिंसा का गंभीर मामला सूरजपुर जिले के झिलमिली थाना क्षेत्र से सामने आया है। आरोप है कि एक व्यक्ति अपनी पत्नी को घुमाने के बहाने बड़सरा जंगल ले गया, जहां उसके साथ बेरहमी से मारपीट की। महिला के सिर में गंभीर चोट आई है और उसकी एक अंगुली भी कट गई है। घटना के बाद आरोपी उसे जंगल में घायल अवस्था में छोड़कर फरार हो गया। ग्रामीणों की मदद से महिला को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसका उपचार जारी है।

घायल महिला की पहचान बबिता सिंह के रूप में हुई है। उसने अपने दूसरे पति राकेश साहू पर जान से मारने की नीयत से हमला करने का आरोप लगाया है। गंभीर रूप से घायल महिला को पहले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भैयाथान ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उसे जिला अस्पताल सूरजपुर रेफर किया गया।

घुमाने के बहाने जंगल ले जाने का आरोप

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, बबिता सिंह मूल रूप से कोरिया जिले के झलियाडांड की रहने वाली है। बताया गया है कि करीब छह महीने पहले वह अपने पहले पति और बच्ची को छोड़कर चली गई थी। इसके बाद उसने बैकुंठपुर निवासी राकेश साहू से मंदिर में विवाह कर लिया था। दोनों पिछले करीब छह महीने से साथ रह रहे थे।

जानकारी के मुताबिक, इस दौरान दोनों के बीच अक्सर विवाद होने की बात सामने आई है। हाल ही में राकेश साहू कथित तौर पर बबिता को घुमाने के बहाने बड़सरा जंगल ले गया। वहां चरित्र पर संदेह जताते हुए उसके साथ मारपीट की गई। हमले में महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। आरोप है कि इसके बाद आरोपी उसे जंगल में छोड़कर भाग गया।

ग्रामीणों की मदद से अस्पताल पहुंची घायल महिला

जंगल में घायल अवस्था में पड़ी महिला को देखकर स्थानीय ग्रामीणों ने उसकी मदद की। ग्रामीणों ने उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भैयाथान पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल सूरजपुर रेफर कर दिया। फिलहाल महिला का उपचार जारी है।

घटना में महिला को आई गंभीर चोटों के चलते मामला संवेदनशील बना हुआ है। आरोपी के खिलाफ आगे की कार्रवाई और घटना की परिस्थितियों को लेकर पुलिस जांच महत्वपूर्ण होगी।

बच्ची की खातिर पहले पति ने भी बढ़ाया मदद का हाथ

इस मामले में महिला का पहला पति भी सामने आया है। उसके अनुसार, बबिता करीब छह महीने से लापता थी और उसने बैकुंठपुर थाने में उसकी गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई थी। अब गंभीर रूप से घायल महिला की स्थिति को देखते हुए वह बच्ची की खातिर मदद के लिए आगे आया है।

यह घटना महिला सुरक्षा और घरेलू संबंधों में बढ़ती हिंसा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करती है। किसी के चरित्र पर संदेह करना हिंसा का औचित्य नहीं हो सकता। मामले में महिला को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने के साथ ही घटना की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार व्यक्ति के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई जरूरी है।

संबंधित खबरें (Related Stories)